सब हैं फिर भी अकेली खोयी हूँ
सबका साथ होकर भी इक अंजना
खालीपन है, जानते हैं पर
फिर भी जीवन है मेरा
और संघर्ष भी मेरा ही है।।
सब हैं फिर भी अकेली खोयी हूँ
काश कोई समझ पाता इस
एहसास को जो जाना पहचाना है
पर फिर भी इसे समझने से
इनकार है सबको
सब हैं फिर भी अकेली खोयी हूँ।।
सबका साथ होकर भी इक अंजना
खालीपन है, जानते हैं पर
फिर भी जीवन है मेरा
और संघर्ष भी मेरा ही है।।
सब हैं फिर भी अकेली खोयी हूँ
काश कोई समझ पाता इस
एहसास को जो जाना पहचाना है
पर फिर भी इसे समझने से
इनकार है सबको
सब हैं फिर भी अकेली खोयी हूँ।।
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